IAS (Admin.) IAS Mains GS Paper 1 in Hindi (Geography, Art & Culture, and History) Indian Heritage and Culture-Art Forms Study Material (Page 1 of 51)

Subscribe now to access pointwise, categorized & easy to understand notes on 283 key topics of IAS (Admin.) IAS Mains GS Paper 1 in Hindi (Geography, Art & Culture, and History) covering entire 2021 syllabus. With online notes get latest & updated content on the device of your choice. View complete topic-wise distribution of study material. Unlimited Access, Unlimited Time, on Unlimited Devices!

View Features or View Sample.

Rs. 500.00 -OR-

How to register? Already Subscribed?

भारतीय मूर्तिकला: भारतीय प्रतिमाओं में अंकित मुद्राएँ (Indian Sculpture: Currencies in Indian Statues)

Edit

धर्म, नृत्य और तंत्र के प्रभाव के कारण भारतीय मूर्तिकला में कुछ विशिष्ट नियम विकसित हुये। इन नियमों के अनुसार ही लेटी, बैठी और खड़ी हुई प्रतिमाओं का निर्माण होता है। इनका संक्षिप्त वर्णन इस प्रकार है-

लेटी हुई मूर्तियाँ- लेटी हुई मूर्तियों को ‘शयन’ कहा गया है। इस स्थिति में प्राय: शेषशायी विष्णु, बुद्ध का परिनिर्वाण, यशोदा और कृष्ण आदि की मूर्तियाँ बनाई गई हैं। इस प्रकार का मूर्तिशिल्प कम देखने को मिलता है।

बैठी हुई मूर्तियाँ- बैठी मूर्तियों को ‘आसन’ कहा गया है। इसे प्राय: छह प्रकारों में विभाजित किया गया है-

  • पद्मासन-इस आसन में मूर्ति को पालथी लगाये हुये दर्शाया जाता है। इसमें मूर्ति के दोनों तलवे ऊपर की ओर दिखाई दे…

… (13 more words) …

Subscribe & login to view complete study material.

भारतीय मूर्तिकला: मुद्राओं के प्रकार (Indian Sculpture: Types of Currencies)

Edit

भारतीय मूर्तिशिल्प में मुद्राओं के दो प्रकार अरुप और सरुप माने गये हैं। अरुप प्रकार की मुद्राओं में हाव-भाव और क्रिया की व्यंजना की जाती है। इस प्रकार में हस्त मुद्राओं जैसे ध्यान मुद्रा, अभय मुद्रा आदि को रखा गया है। सरुप प्रकार की मुद्राओं में मूर्ति को आयुध या ऐसी वस्तुएँ जिनसे शक्ति आदि का प्…

… (12 more words) …

Subscribe & login to view complete study material.

Developed by: