IAS (Admin.) IAS Mains GS Paper 1 in Hindi (Geography, Art & Culture, and History) Indian Heritage and Culture-Architecture Study Material (Page 21 of 41)

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भारतीय स्थापत्य: ग्वालियर (Indian Architecture: Gwalior)

Editराजा मानसिंह तौमर ने ग्वालियर के किले को प्रदहवीं शताब्दी में एक पहाड़ी पर चारदीवारी से युक्त बनवाया था किले में प्रवेश के दो रास्ते हैं। पूर्वी दिशा में पैदल योग्य रास्ता ग्वालियर दरवाजा और पश्चिमी दिशा में बना उर्वई द्वार हैं जहाँ वाहन से पहुँचा जा सकता है। किले में जैन तीर्थंकरों की मूर्तियाँ पत्थर काट कर बनाई गई। इसके उत्तरी सिरे पर जहाँगीरी महल, शाहजहाँ महल, करना महल, विक्रममहल और जल जौहर कुंड हैं। जहाँगीरी महल और शाहजहाँ महल मुगल वास्तुशैली प…

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भारतीय स्थापत्य: मुगलकालीन स्थापत्य कला (Indian Architecture: Mughal Carpet Architecture)

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  • मुगलकालीन स्थापत्य कला की प्रमुख विशेषता यह है कि इस काल में पहली बार आकार एवं अलंकरण की विविधता का प्रयोग, निर्माण के लिए पत्थर के अलावा प्लास्टर एवं गच्चकारी का प्रयोग किया गया। मुगल स्थापत्य की दूसरी विशेषता यह है कि सजावट के लिए संगमरमर पर जवाहरात के जड़ाऊ काम किये गये। इसके अलावा पत्थरों को काट कर फूल पत्ती, बेलबूटे को सफ़ेद संगमरमर में जड़ा जाता था। इस काल में बनाय गये गुंबदों एवं बुर्जो को ‘कलश’ से सजाया गया है।
  • मुगल वंश के संस्थापक बाबर ने वास्तुकला में विशेष रुचि दिखाई। उसकी आत्मकथा ‘बाबरनामा’ के अनुसार तत्कालीन स्थानीय वास्तुकला में संतुलन का अभाव था इसलिए उसने निर्माण कार्यो में इस बात का विशेष ध्…

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