Reading Comprehension-Prose or Drama (CTET Paper-II Hindi): Questions 9 - 16 of 413

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Passage

साहित्य में आदर्श शब्द का प्रयोग दर्शन अथवा राजनीति की भाँति किसी रूढ़िगत अर्थ में नहीं किया जाता है। साहित्य का आदर्शवाद मानव जीवन के आन्तरिक पक्ष पर जोर देता है। जीवन के दो पक्ष हैं आन्तरिक और बाह्य। आन्तरिक पक्ष में मानसिक सुख, प्रसन्नता, परितोश, आनन्द आ जाते हैं। बाह्य पक्ष में ऐश्वर्य, वैभव तथा भौतिक उन्नति का स्थान है। आदर्शवादी साहित्यकार का विश्वास है कि मनुष्य जब तक आन्तरिक सुख प्राप्त नहीं करता, उसे वास्तविक आनन्द की उपलब्धि नहीं हो सकती। मानव की चेतना तब तक भटकती रहेगी जब तक वह शाश्वत, चिरन्तन सत्य अथवा आनन्द नहीं प्राप्त कर लेता। इस प्रकार आदर्शवाद मानव जीवन की आन्तरिक व्यवस्था करता है, उसकी उच्च सम्भावनाओं के प्रकाशन में तत्पर होता है। वह उन मानव मूल्यों को ग्रहण करता है, जो कल्याणकारी है, शुभ है, सर्जनात्मक हैं। भारतीय साहित्यशास्त्र में रस की जो महत्ता है, वह जीवन के आन्तरिक परितोष अथवा आनन्द का ही दूसरा रूप है। आदर्शवादी साहित्यकार भाव और कला की महत्तर ऊँचाइयों पर जाने का प्रयास करता है। अन्तर्मुखी होने के कारण कभी-कभी उसकी चेतना आध्यात्मिक, यहाँ तक कि रहस्यवादी हो जाती है। यूरोप का मध्यकालीन साहित्य इसका प्रमाण है। चिरन्तन मानव मूल्यों को महत्व देने के कारण लगभग प्रत्येक महान् साहित्यकार किसी सीमा तक आदर्शवादी होता है क्योंकि महान् साहित्य सर्जन के लिए शाश्वत मानव मूल्यों के ग्रहण के साथ मानव की उच्चतम सम्भावनाओं का प्रकाशन आवश्यक है। एक विदेशी विचारक के अनुसार ”आदर्श काव्य में आनन्द और उपदेश का एक सुन्दर समन्वय होता है।“ साहित्य में आदर्शवाद के विरोध में यथार्थवादी जीवन दृष्टि है, जो जीवन के भौतिक मूल्यों को प्रमुखता देती है। यथार्थवादी साहित्य वस्तुजगत को नग्न रूप में प्रस्तुत करने का पक्षपाती है। यथार्थवादी का वर्ण्य विषय है धरती, जो कुछ भी है वह है जबकि आदर्शवादी का वर्ण्य विषय है धरती, जो कुछ उसे होना चाहिए।

Question number: 9 (9 of 9 Based on Passage) Show Passage

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Question

आदर्शवादी साहित्यकार कभी-कभी रहस्यवादी हो जाता है, क्योंकि वह

Choices

Choice (4) Response

a.

मूल्यों को अधिक महत्व देता है

b.

भावुक होता है

c.

जीवन में आनन्द को अधिक महत्व देता है

d.

अन्तर्मुखी होता है

Passage

हैं जन्म लेते जगह में एक ही,

एक ही पोधा उन्हें है पालता!

रात में उन पर चमकता चाँद भी,

एक ही-सी चाँदनी है डालता।

छेद कर काँटा किसी की उँगलियाँ,

फाड़ देता है किसी का वर वसन।

प्यार में डूबी तितलियों के पर कतर,

भौंर का है बेध देता श्याम तन।

फूल लेकर तितलियों की गोद में,

भौंर को अपना अनूठा रस मिला।

निज सुगन्धों का निराले ढंग से,

है सदा देता कली जी की खिला।

है खटकता एक सबकी आँख में

दूसरा है सोहता सुर-सीम पर।

किस तरह कुल की बड़ाई काम दे,

जो किसी में हो बड़प्पन की कसर।

Question number: 10 (1 of 2 Based on Passage) Show Passage

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Question

‘कली’ में अलंकार है

Choices

Choice (4) Response

a.

अनुप्रास

b.

यमक

c.

श्लेष

d.

उपमा

Question number: 11 (2 of 2 Based on Passage) Show Passage

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Question

‘फूल’ के माध्यम से किसके स्वभाव के बारे में कहा गया है?

Choices

Choice (4) Response

a.

दुर्जनों के

b.

कायरों के

c.

सज्जानों के

d.

तितलियों के

Question number: 12

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Appeared in Year: 2012

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Question

पाठ्य-वस्तु का भावपूर्ण पठन

Choices

Choice (4) Response

a.

केवल कविताओं पर ही लागू होता है

b.

पठन का एकमात्र आदर्श रूप है

c.

पठन की पहली और अनिवार्य शर्त है

d.

अर्थ को समझने में मदद करता है

Passage

जाकिर साहब से मिलने के लिए समय प्राप्त करने में देर नहीं लगती थी। एक बार मेरी एक सहेली ऑस्ट्रेलिया से भारत की यात्रा करने आई। अपने देश में वे भारतीयों की शिक्षा के लिए धन एकत्र किया करती थी। एक भारतीय को उन्होंने गोद भी ले लिया था। जाकिर साहब ने तुरन्त मिलने कासमय दिया और देर तक बैठ उनसे, उनके कार्य, उनकी यात्रा के बारे में सुनतक रहे। हिन्दी सीखने के बारे में एक बार जब उनसे प्रश्न किया गया तो उन्होंने कहा ‘मेरे परिवार में एक बच्चे ने जब गाँधीजी से आटोग्राफ माँगा तो उन्होंने अपने हस्ताक्षर उर्दू में किए उसी दिन से मैंने अपन मन में निश्चय कर लिया कि हिन्दी भाषियों को अपने हस्ताक्षर हिन्दी में ही दिया करूंगा।एक बार रामलीला में जनता ने उनसे रामचन्द्र जी का तिकल करने के लिए कहा। जाकिर साहब ने खुशी से तिलक कर दिया। कुछ उर्दू अखबारों ने एतराज किया। जाकिर साहब ने जवाब दिया ‘इन नादानों को मालूम नहीं है कि मैं भारत का राष्ट्रपति हूॅ, किसी खास धर्म का नहीं।’

Question number: 13 (1 of 9 Based on Passage) Show Passage

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Question

सहेली ऑस्ट्रेलिया में क्या काम करती थी?

Choices

Choice (4) Response

a.

हिन्दी का प्रचार

b.

छात्रों को पढ़ाना

c.

भारतीयों की शिक्षा के लिए पैसे एकत्र करना

d.

ऑस्ट्रेलिया का दौरा करती थी

Question number: 14 (2 of 9 Based on Passage) Show Passage

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Question

रामलीला में रामचन्द्र का तिलक करना किस बात का प्रतीक है

Choices

Choice (4) Response

a.

सर्वधर्म समान न होना

b.

सभी धर्मों के प्रति उदार

c.

साम्प्रदायिक भावना

d.

धार्मिक भावना

Question number: 15 (3 of 9 Based on Passage) Show Passage

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Question

सहेली ने ऑस्ट्रेलिया में किसे गोद लिया?

Choices

Choice (4) Response

a.

भारतीय बच्चे को

b.

जाकिर साहब के बच्चे को

c.

किसी को गोद नहीं लिया

d.

None of the above

Question number: 16 (4 of 9 Based on Passage) Show Passage

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Question

ऐतराज शब्द का शब्दार्थ है

Choices

Choice (4) Response

a.

विपत्ति

b.

सम्पत्ति

c.

आपत्ति

d.

समारोह

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