CTET Paper-I Hindi: Questions 13 - 19 of 497

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Passage

‘गोदान’ प्रेमचन्द जी की उन अमर कृतियों में से एक है, जिसमें ग्रामीण भारत की आत्मा का करूण चित्र साकार हो उठा है। इसी कारण कई मनीषी आलोचक इसे ग्रामीण भारतीय परिवेशगत समस्याओं का महाकाव्य मानते हैं तो कई विद्वान इसे ग्रामीण जीवन और कृषि संस्कृति का शोक गीत स्वीकारते हैं। कुछ विद्वान तो ऐसे भी है कि जो इन उपन्यास को ग्रामीण भारण की आधुनिक ‘गीता’ तक स्वीकार करते हैं जो कुछ भी हो, ‘गोदान’ वास्तव में मुंशी प्रेमचन्द का एक ऐसा उपन्यास है, जिसमें आचार-विचार, संस्कार और प्राकृतिक परिवेश, जो गहन करूणा से युक्त है, प्रतिबिम्बित हो उठाा है। डॉ. गोपाल राय का कहना है कि गोदान ग्राम जीवन और ग्राम संस्कृति को उसकी सम्पूर्णता में प्रस्तुत करने वाला अदव्तीय उपन्यास है, न केवल हिन्दी के वरन किसी भी भारतीय भाषा के किसी भी उपन्यास में ग्रामीण समाज का ऐसा व्यापक यथार्थ और सहानुभूतिपूर्ण चित्रण नहीं हुआ है। ग्रामीण जीवन और संस्कृति के अंकन की दृष्टि से इस उपन्यास का वही महत्व है जो आधुनिक युग में युग जीवन की अभिव्यक्ति की दृष्टि से महाकाव्यों का हुआ करता था। इस प्रकार डॉ. राय गोदान को आधुनिक युग का महाकाव्य ही नहीं स्वीकारते वरन् सर्वश्रेष्ठ महाकाव्य भी स्वीकारते है। उनके इस कथन का यही आशय है कि प्रेमचन्द जी ने ग्राम जीवन से संबंध सभी पक्षों का न केवल अत्यन्त विशदता से चित्रण किया है, वरन् उनकी गहराइयों में जाकर उनके सच्चे चित्र प्रस्तुत कर दिए हैं। प्रेमचन्द जी ने जिस ग्राम जीवन का चित्र गोदान में प्रस्तुत किया है, उसका संबंध आज ग्राम परिवेश से न होकर तत्कालीन ग्राम जीवन से है। ग्रामीण जीवन को वास्तविक आधार प्रदान करने के लिए प्रेमचन्द जी ने चित्र के अनुरूप ही कुछ ऐसे खांचे अथवा चित्रफलक निर्मित किए हैं जो चित्र को यथार्थ बनाने में सहयोगी सिद्ध हुए हैं। ग्रामीण किसानों के घर द्वार, खेत-खलिहान और प्राकृतिक दृश्यों का ऐसा वास्तविक चित्रण अत्यन्त दुर्लभ है।

Question number: 13 (1 of 8 Based on Passage) Show Passage

» Reading Comprehension » Prose or Drama

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Question

‘विशदता’ से तात्पय है

Choices

Choice (4) Response

a.

विस्तृत रूप से

b.

विशालता सहित

c.

परिपूर्णता

d.

None of the above

Question number: 14 (2 of 8 Based on Passage) Show Passage

» Reading Comprehension » Prose or Drama

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Question

‘गोदान’ के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौनसा कथन असत्य है?

Choices

Choice (4) Response

a.

इसमें ग्रामीण परिवेश का चित्रण है।

b.

इसमें कृषकों की समस्याओं का चित्रण है।

c.

इसमें प्राकृतिक दृश्यों का चित्रण नहीं है।

d.

इसमें ग्राम्य जीवन के सभी पहलुओं का चित्रण है।

Question number: 15 (3 of 8 Based on Passage) Show Passage

» Reading Comprehension » Prose or Drama

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Question

‘गोदान’ को निम्नलिखित में से क्या नहीं कहा गया है?

Choices

Choice (4) Response

a.

उपन्यास

b.

गीता

c.

महाकाव्य

d.

काव्य

Question number: 16 (4 of 8 Based on Passage) Show Passage

» Reading Comprehension » Prose or Drama

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Question

‘सहानुभूति’ का सन्धि विच्छेद है

Choices

Choice (4) Response

a.

सह + अनुभूति

b.

सहान + भूति

c.

सहा + अनुभूति

d.

सहा: नुभूति

Question number: 17 (5 of 8 Based on Passage) Show Passage

» Reading Comprehension » Prose or Drama

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Question

गोदान को ग्रामीण जीवन का महाकाव्य कहने का क्या तात्पर्य है?

Choices

Choice (4) Response

a.

गोदान में ग्रामीण जीवन के सभी पहलुओं का विस्तृत चित्रण हुआ है

b.

गोदान ग्रामीण जीवन का काव्य ग्रन्थ है

c.

गोदान ग्रामीण जीवन के सभी काव्य ग्रन्थों में श्रेष्ठ है

d.

All of the above

Question number: 18

» Pedagogy of Language Development » Role of Listening and Speaking

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Question

भाषा का प्रयोग

Choices

Choice (4) Response

a.

जीवन के विभिन्न संदर्भों में होता है

b.

केवल परीक्षा में होता है

c.

केवल पाठ्य पुस्तक में होता है

d.

केवल मुद्रित सामग्री में होता है

Question number: 19

» Pedagogy of Language Development » Role of Listening and Speaking

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Question

एल. एस. वाइगोत्स्की के अनुसार

Choices

Choice (4) Response

a.

भाषा चिन्तन को निर्धारित करती है

b.

चिन्तन भाषा को निर्धारित करता है

c.

भाषा एवं चिन्तन एक-दूसरे से स्वतंत्र रूप से विकसित होते है

d.

भाषा एक अर्जित योग्यता है

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