क्षितिज(Kshitij-Textbook)-Additional Questions (CBSE (Central Board of Secondary Education- Board Exam) Class-10 Hindi): Questions 1326 - 1339 of 1621

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Passage

सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’

Question number: 1326 (28 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी ने अपनी रचनाओं में किन बंधनों का विरोध किया है?

Explanation

उन्होंने अपनी रचनाओं में साहित्य में बंधनों का विरोध किया है।

क्योंकि-कवि किसी भी प्रकार के बंधन में नहीं रहना चाहता हैं।

साहित्यिक विशेषताएँ- कवि निराला एक महान्‌ साहित्यकार थे। वे छायावादी काव्यधारा के प्रतिष्ठित कवि थे। उनके काव्य में छायावाद की सभी विशेषताएँ देखी जा सकती हैं। निराला जी

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Question number: 1327 (29 of 40 Based on Passage) Show Passage

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जीवन के संघर्षों से जुझते हुए भी निराला जी किस कार्य में लगे रहे?

Explanation

जीवन के संघर्षों से जुझते हुए भी निराला जी साहित्य रचना के कार्य में लगे रहे।

क्योंकि-कवि अपने दुख को दूर करने के लिए वह किसी न किसी काम में अपने आप को व्यस्त कर सके।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि

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Question number: 1328 (30 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी ने हिन्दी साहित्य को अपनी महान्‌ कृतियों से क्या किया?

Explanation

निराला जी ने हिन्दी साहित्य को अपनी महान्‌ कृतियों से अत्यंत समृद्ध किया।

क्योंकि-ताकि हिंदी साहित्य का ओर अधिक विस्तार हो सके। आने वाले लाेेगों को इन कृतियों से ज्ञान प्राप्त हो सके।

समस्या-बीच की।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा

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Question number: 1329 (31 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी के पिता पंडित रामसहाय त्रिपाठी महिषादल में किस पद पर कार्यरत थे।

Explanation

उनके पिता पंडित रामसहाय त्रिपाठी महिषादल में एक प्रतिष्ठित पद पर कार्यरत थे।

क्योंकि-उनके पिता उस पद के लिए एक योग्य व्यक्ति थे।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो, वह महाकवि निराला ही थे। जिनके काव्यों में सुफियों का

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Question number: 1330 (32 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी दव्ारा रचित रचनाओं में उन्होंने किसका सुंदर समन्वय किया है?

Explanation

निराला जी ने रहस्यवादी भावना और चिंतन का सुंदर समन्वय किया है।

क्योंकि-ताकि कवि का काव्य ओर अधिक अच्छा लगे।

साहित्यिक विशेषताएँ- कवि निराला एक महान्‌ साहित्यकार थे। वे छायावादी काव्यधारा के प्रतिष्ठित कवि थे। उनके काव्य में छायावाद की सभी विशेषताएँ देखी जा सकती हैं। निराला जी के मन

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Question number: 1331 (33 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी के पिता जी का क्या नाम था?

Explanation

उनके पिता पंडित रामसहाय त्रिपाठी था।

क्योंकि-हर बच्चे के पिता का नाम कुछ न कुछ कुंडली के हिसाब से जरूर होता है।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो, वह महाकवि निराला ही थे। जिनके काव्यों में सुफियों का सादापन

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Question number: 1332 (34 of 40 Based on Passage) Show Passage

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कवि निराला जी दव्ारा रचित आलोचना और निबंध में कौनसी रचनाएँ है?

Explanation

कवि निराला जी दव्ारा रचित आलोचना और निबंधमेंप्रबंध-पद्म, प्रबंध-प्रतिभा, प्रबंध-परिचय। रचनाएँ है।

क्योंकि- आलोचना और निबंध दोनों ही कवि की प्रमुख रचनाएँ हैं।

साहित्यक रचनाएँ- निराला जी एक महान साहित्यकार थे। उनका गद्य और काव्य दोनों ही विधाओं पर समान अधिकार था। उनकी प्रमुख रचनाएँ इस प्रकार हैं-

काव्य संग्रह-

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Question number: 1333 (35 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी दव्ारा रचित आधुनिक हिन्दी कविता को उन्होंने कौनसी दिशा प्रदान की?

Explanation

निराला जी दव्ारा रचित उन्होंने आधुनिक हिन्दी कविता को एक नई दिशा प्रदान की।

क्योंकि-ताकि इन कविताओं का ओर अधिक विस्तार हो सके।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो, वह महाकवि निराला ही थे। जिनके काव्यों में सुफियों का

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Question number: 1334 (36 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी के दव्ारा रचित रेखाचित्र में कौनसी रचनाएँ है?

Explanation

निराला जी के दव्ारा रचित रेखाचित्र में कुल्ली भाट, बिल्ले सुर, बकरिहा। रचनाएँ है।

क्योंकि-इन कवि की रेखाचित्र की रचनाएँ भी खूब रौचक हैं। जो कवि की प्रमुख रेखाचित्र है।

साहित्यक रचनाएँ- निराला जी एक महान साहित्यकार थे। उनका गद्य और काव्य दोनों ही विधाओं पर समान अधिकार था। उनकी

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Question number: 1335 (37 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी का किन दोनों ही विधाओं पर समान अधिकार था?

Explanation

उनका गद्य और काव्य दोनों ही विधाओं पर समान अधिकार था।

क्योंकि-किसी किसी कवि की सब विधाएँ अच्छी होती हैं।

साहित्यक रचनाएँ- निराला जी एक महान साहित्यकार थे। उनका गद्य और काव्य दोनों ही विधाओं पर समान अधिकार था। उनकी प्रमुख रचनाएँ इस प्रकार हैं-

काव्य संग्रह- ’अनामिका, परिमल, तुलसीदास,

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Question number: 1336 (38 of 40 Based on Passage) Show Passage

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कवि निराला जी दव्ारा रचित रचनाओं में प्रकृति चित्रण में प्रकृति के कौनसे रूप मिलते हैं?

Explanation

उनके दव्ारा रचित रचनओं में प्रकृति चित्रण में प्रकृति के मनोरम और भयानक दोनों ही रूप मिलते हैं।

क्योंकि-जिससे कवि का प्रकृति चित्रण ओर अधिक अच्छा लगे।

साहित्यिक विशेषताएँ- कवि निराला एक महान्‌ साहित्यकार थे। वे छायावादी काव्यधारा के प्रतिष्ठित कवि थे। उनके काव्य में छायावाद की सभी विशेषताएँ देखी

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Question number: 1337 (39 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी का निधन किस सन्‌ में हुआ?

Explanation

सन्‌ 1961 में निराला जी का निधन हो गया।

क्योंकि-जिस प्रकार हर इंसान का जन्म भगवान के अनुसार निश्चत होता है उसी प्रकार इंसान की मृत्यु भी निश्चत होती है।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो, वह महाकवि निराला

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Question number: 1338 (40 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी का सम्पूर्ण जीवन कैसे व्यतीत हुआ?

Explanation

निराला जी का सम्पूर्ण जीवन संघर्षो में व्यतीत हुआ।

क्योंकि-कवि का जीवन कठिनाईयों से भरा हुआ था।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो, वह महाकवि निराला ही थे। जिनके काव्यों में सुफियों का सादापन सूर-तुलसी की समन्वय प्रतिभा और

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Question number: 1339

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जयशंकर प्रसाद जी के कितने विवाह हुए थे?

Explanation

जयशंकर प्रसाद जी के तीन विवाह हुए थे।

क्योंकि-पहले जमाने में राजा महाराजाओं के भी अनगिनत विवाह होते है।

”छायावाद के श्रेष्ठ कवि जयशंकर प्रसाद एक ऐसे विलक्षण एवं विराट व्यक्तित्व को लेकर अवतरित हुए थे, जिसमें विभिन्न प्रकार की साहित्यिक प्रतिभाएँ समिश्रित व विद्यमान थीं। जो कि युग-युग से

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