क्षितिज(Kshitij-Textbook)-Additional Questions (CBSE (Central Board of Secondary Education- Board Exam) Class-10 Hindi): Questions 1322 - 1334 of 1621

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Passage

सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’

Question number: 1322 (24 of 40 Based on Passage) Show Passage

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किनके काव्यों में सुफियों का सादापन सूर-तुलसी की समन्वय प्रतिभा और प्रसाद की सौंदर्य चेतना सम्पूर्ण रूप से साकार हो उठी है?

Explanation

सूर्यकांत त्रिपाठी निराला जी के काव्यों में सुफियों का सादापन सूर-तुलसी की समन्वय प्रतिभा और प्रसाद की सौंदर्य चेतना सम्पूर्ण रूप से साकार हो उठी है।

क्योंकि-कोई कोई कवि पहले वाले कवियों की इच्छाओं की पूर्ति करते थे।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं

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Question number: 1323 (25 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी का किस पर पूर्ण अधिकार था?

Question number: 1324 (26 of 40 Based on Passage) Show Passage

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पत्नी की मृत्यु के बाद निराला जी के परिवार में ओर किस-किस की मृत्यु हुई?

Explanation

पत्नी की मृत्यु के बाद निराला जी के परिवार में ओर उसके पिता, चाचा, चचेरे भाई एक-एक करके चल बसे। पुत्री सरोज की मृत्यु ने तो उनके हृदय को खण्ड-खण्ड कर दिया।

क्योंकि-कवि अपनी पुत्री से अत्यधिक प्रेम करते है ।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि

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Question number: 1325 (27 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला दव्ारा रचित उनके कहानी संग्रह में कौन-कौन सी रचनाएँ है?

Explanation

निराला दव्ारा रचित उनके कहानी संग्रह में लिली, सखी, सुकुन की बेटी, चतुर चमार। रचनाएँ है।

क्योंकि- कवि की कहानियाँ भी बहुत अच्छी है। उपर्युक्त कहानियाँ कवि प्रमुख है।

साहित्यक रचनाएँ- निराला जी एक महान साहित्यकार थे। उनका गद्य और काव्य दोनों ही विधाओं पर समान अधिकार था। उनकी प्रमुख

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Question number: 1326 (28 of 40 Based on Passage) Show Passage

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कवि निराला जी छायावादी काव्यधारा के किस तरह के कवि थे?

Explanation

वे छायावादी काव्यधारा के प्रतिष्ठित कवि थे।

क्योंकि- कवि निराला जी उपरोक्त धारा में बेहतर अपना योगदान दिया है।

साहित्यिक विशेषताएँ- कवि निराला एक महान्‌ साहित्यकार थे। वे छायावादी काव्यधारा के प्रतिष्ठित कवि थे। उनके काव्य में छायावाद की सभी विशेषताएँ देखी जा सकती हैं। निराला जी के मन में

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Question number: 1327 (29 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी दव्ारा रचित रचनाओं में किसका यथार्थ चित्रण मिलता है?

Explanation

उनके दव्ारा रचित रचनाओं में तत्कालीन राजनीतिक, सामाजिक तथा आर्थिक विषमता का यथार्थ चित्रण मिलता है।

क्योंकि- कवि ने अपने आस-पास की स्थितियों को देखकर उसका चित्रण करता है।

साहित्यिक विशेषताएँ- कवि निराला एक महान्‌ साहित्यकार थे। वे छायावादी काव्यधारा के प्रतिष्ठित कवि थे। उनके काव्य में छायावाद की सभी

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Question number: 1328 (30 of 40 Based on Passage) Show Passage

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Write in Short

कवि निराला जी ने अपनी रचनाओं में किन शब्दाेें का सहज एवं भावानुकूल प्रयोग किया है?

Question number: 1329 (31 of 40 Based on Passage) Show Passage

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Describe in Detail

निराला जी दव्ारा रचित उनके काव्य संग्रह में कौन-कौन सी रचनाएँ है?

Explanation

निराला जी दव्ारा रचित उनके काव्य संग्रह में ’अनामिका, परिमल, तुलसीदास, गीतिका, अणिमा, कुकुरमुत्ता, बेला, अर्चना, आराधना, नये पत्ते, गीत -गूँज आदि उनके काव्य संग्रह की रचनाएँ है।

क्योंकि- कवि की काव्य रचनाएँ बहुत अधिक रोचक होने केे कारण उनके अनगिनत नाम होते है। उपरोक्त लिखी गई काव्य संग्रह कवि

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Question number: 1330 (32 of 40 Based on Passage) Show Passage

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Write in Short

कवि निराला जी ने अपने काव्यों में किस शब्दावली का प्रयोग किया है?

Question number: 1331 (33 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी किन व्यक्तियों से बहुत अधिक प्रभावित थे?

Explanation

निराला जी स्वामी रामकृष्ण परमहंस और विवेकानंद जी से बहुत अधिक प्रभावित थे।

क्योंकि-हर इंसान अपने जीवन में किसी न किसी से प्रेरित जरूर होता है। जो उनके जीवन को बदल देते है।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो,

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Question number: 1332 (34 of 40 Based on Passage) Show Passage

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कवि निराला जी दव्ारा रचित आलोचना और निबंध में कौनसी रचनाएँ है?

Explanation

कवि निराला जी दव्ारा रचित आलोचना और निबंधमेंप्रबंध-पद्म, प्रबंध-प्रतिभा, प्रबंध-परिचय। रचनाएँ है।

क्योंकि- आलोचना और निबंध दोनों ही कवि की प्रमुख रचनाएँ हैं।

साहित्यक रचनाएँ- निराला जी एक महान साहित्यकार थे। उनका गद्य और काव्य दोनों ही विधाओं पर समान अधिकार था। उनकी प्रमुख रचनाएँ इस प्रकार हैं-

काव्य संग्रह-

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Question number: 1333 (35 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी के पिता पंडित रामसहाय त्रिपाठी महिषादल में किस पद पर कार्यरत थे।

Explanation

उनके पिता पंडित रामसहाय त्रिपाठी महिषादल में एक प्रतिष्ठित पद पर कार्यरत थे।

क्योंकि-उनके पिता उस पद के लिए एक योग्य व्यक्ति थे।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो, वह महाकवि निराला ही थे। जिनके काव्यों में सुफियों का

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Question number: 1334 (36 of 40 Based on Passage) Show Passage

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निराला जी के पिता जी का क्या नाम था?

Explanation

उनके पिता पंडित रामसहाय त्रिपाठी था।

क्योंकि-हर बच्चे के पिता का नाम कुछ न कुछ कुंडली के हिसाब से जरूर होता है।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो, वह महाकवि निराला ही थे। जिनके काव्यों में सुफियों का सादापन

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