क्षितिज(Kshitij-Textbook)-Additional Questions (CBSE Class-10 Hindi): Questions 1302 - 1315 of 1621

Get 1 year subscription: Access detailed explanations (illustrated with images and videos) to 2295 questions. Access all new questions we will add tracking exam-pattern and syllabus changes. View Sample Explanation or View Features.

Rs. 1650.00 or

Passage

सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’

Question number: 1302 (4 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Essay Question▾

Describe in Detail

निराला जी किन व्यक्तियों से बहुत अधिक प्रभावित थे?

Explanation

निराला जी स्वामी रामकृष्ण परमहंस और विवेकानंद जी से बहुत अधिक प्रभावित थे।

क्योंकि-हर इंसान अपने जीवन में किसी न किसी से प्रेरित जरूर होता है। जो उनके जीवन को बदल देते है।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो,… (213 more words) …

Question number: 1303 (5 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Essay Question▾

Describe in Detail

निराला जी किस प्रकार के साहित्यकार थे?

Explanation

निराला जी एक महान प्रकार के साहित्यकार थे।

क्योंकि-निराला कवि जी की रचनाएँ बहुत ही अच्छी हैं।

साहित्यक रचनाएँ- निराला जी एक महान साहित्यकार थे। उनका गद्य और काव्य दोनों ही विधाओं पर समान अधिकार था। उनकी प्रमुख रचनाएँ इस प्रकार हैं-

काव्य संग्रह- ’अनामिका, परिमल, तुलसीदास, गीतिका, अणिमा, कुकुरमुत्ता,… (35 more words) …

Question number: 1304 (6 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Essay Question▾

Describe in Detail

निराला जी के मन में किसके प्रति सहानुभूति थी?

Explanation

निराला जी के मन में दीन-दुखियों के प्रति सहानुभूति थी।

क्योंकि-हर व्यक्ति का अपना एक स्वभाव होता हैं।

साहित्यिक विशेषताएँ- कवि निराला एक महान्‌ साहित्यकार थे। वे छायावादी काव्यधारा के प्रतिष्ठित कवि थे। उनके काव्य में छायावाद की सभी विशेषताएँ देखी जा सकती हैं। निराला जी के मन में दीन-दुखियों… (70 more words) …

Question number: 1305 (7 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Essay Question▾

Describe in Detail

निराला जी छायावादी काव्यधारा के कौनसे स्तंभों में से एक है?

Explanation

वे छायावादी काव्यधारा के चार स्तंभों में से एक है।

क्योंकि-कवि निराला छायावादी काव्यधारा के दृढ़ कवि हैं

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो, वह महाकवि निराला ही थे। जिनके काव्यों में सुफियों का सादापन सूर-तुलसी की समन्वय प्रतिभा… (198 more words) …

Question number: 1306 (8 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Short Answer Question▾

Write in Short

निराला जी का किस पर पूर्ण अधिकार था?

Question number: 1307 (9 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Essay Question▾

Describe in Detail

निराला जी का किन दोनों ही विधाओं पर समान अधिकार था?

Explanation

उनका गद्य और काव्य दोनों ही विधाओं पर समान अधिकार था।

क्योंकि-किसी किसी कवि की सब विधाएँ अच्छी होती हैं।

साहित्यक रचनाएँ- निराला जी एक महान साहित्यकार थे। उनका गद्य और काव्य दोनों ही विधाओं पर समान अधिकार था। उनकी प्रमुख रचनाएँ इस प्रकार हैं-

काव्य संग्रह- ’अनामिका, परिमल, तुलसीदास,… (38 more words) …

Question number: 1308 (10 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Essay Question▾

Describe in Detail

जीवन के संघर्षों से जुझते हुए भी निराला जी किस कार्य में लगे रहे?

Explanation

जीवन के संघर्षों से जुझते हुए भी निराला जी साहित्य रचना के कार्य में लगे रहे।

क्योंकि-कवि अपने दुख को दूर करने के लिए वह किसी न किसी काम में अपने आप को व्यस्त कर सके।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि… (216 more words) …

Question number: 1309 (11 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Essay Question▾

Describe in Detail

निराला जी का सम्पूर्ण जीवन कैसे व्यतीत हुआ?

Explanation

निराला जी का सम्पूर्ण जीवन संघर्षो में व्यतीत हुआ।

क्योंकि-कवि का जीवन कठिनाईयों से भरा हुआ था।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो, वह महाकवि निराला ही थे। जिनके काव्यों में सुफियों का सादापन सूर-तुलसी की समन्वय प्रतिभा और… (197 more words) …

Question number: 1310 (12 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Essay Question▾

Describe in Detail

मुक्त छंद के कौनसे प्रवर्तक हिन्दी के सर्वोच्च कवियों में समाहित हैं।

Explanation

मुक्त छंद के प्रवर्तक सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ हिन्दी के सर्वोच्च कवियों में समाहित हैं।

क्योंकि-निराला जी ने भी हिंदी की कविताओं को बनाए रखने में अपना योगदान दिया है।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो, वह महाकवि निराला ही… (209 more words) …

Question number: 1311 (13 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Short Answer Question▾

Write in Short

निराला जी की भाषा किस रूप से परिपूर्ण है?

Question number: 1312 (14 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Essay Question▾

Describe in Detail

पत्नी की मृत्यु के बाद निराला जी के परिवार में ओर किस-किस की मृत्यु हुई?

Explanation

पत्नी की मृत्यु के बाद निराला जी के परिवार में ओर उसके पिता, चाचा, चचेरे भाई एक-एक करके चल बसे। पुत्री सरोज की मृत्यु ने तो उनके हृदय को खण्ड-खण्ड कर दिया।

क्योंकि-कवि अपनी पुत्री से अत्यधिक प्रेम करते है ।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि… (221 more words) …

Question number: 1313 (15 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Essay Question▾

Describe in Detail

निराला जी दव्ारा रचित आधुनिक हिन्दी कविता को उन्होंने कौनसी दिशा प्रदान की?

Explanation

निराला जी दव्ारा रचित उन्होंने आधुनिक हिन्दी कविता को एक नई दिशा प्रदान की।

क्योंकि-ताकि इन कविताओं का ओर अधिक विस्तार हो सके।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो, वह महाकवि निराला ही थे। जिनके काव्यों में सुफियों का… (203 more words) …

Question number: 1314 (16 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Essay Question▾

Describe in Detail

निराला जी की माताजी का निधन कब हो गया था?

Explanation

शैशवावस्था में उनकी माताजी का निधन हो गया।

क्योकि-हर इंसान की मृत्यु निश्चत होती है अंतर इतना हैै कि किसी की पहले मृत्यु होती है किसी की बाद में।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं निर्भीक कवि पैदा हुआ तो, वह महाकवि निराला ही… (209 more words) …

Question number: 1315 (17 of 40 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » सूर्यकांत त्रिपाठी ’निराला’ उत्साह, अट नह

Essay Question▾

Describe in Detail

किनके काव्यों में सुफियों का सादापन सूर-तुलसी की समन्वय प्रतिभा और प्रसाद की सौंदर्य चेतना सम्पूर्ण रूप से साकार हो उठी है?

Explanation

सूर्यकांत त्रिपाठी निराला जी के काव्यों में सुफियों का सादापन सूर-तुलसी की समन्वय प्रतिभा और प्रसाद की सौंदर्य चेतना सम्पूर्ण रूप से साकार हो उठी है।

क्योंकि-कोई कोई कवि पहले वाले कवियों की इच्छाओं की पूर्ति करते थे।

”महात्मा कबीर के बाद हिन्दी साहित्य जगत में यदि कोई फक्कड़ एवं… (218 more words) …

f Page
Sign In