क्षितिज(Kshitij-Textbook) (CBSE Class-10 Hindi): Questions 972 - 982 of 1777

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Question number: 972

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » तुलसीदास राम-लक्ष्मण-परशुराम संवाद

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तुलसीदास जी को बचपन में किस नाम से जाना जाता था?

Passage

(2)

तारसप्तक में जब बैठने लगता है उसका गला

प्रेरणा साथ छोड़ती हुई उत्साह अस्त होता हुआ

आवाज़ से राख जैसा कुछ गिरता हुआ

तभी मुख्य गायक को ढाँढस बंधाता

कहीं से चला आता है संगतकार का स्वर

कभी-कभी वह यों ही देता है उसका साथ

यह बताने के लिए कि वह अकेला नहीं है

और यह कि फिर से गाया जा सकता है

गाया जा चुका राग

और उसकी आवाज़ में जो हिचक साफ़ सुनाई देती है

या अपने स्वर को ऊँचा न उठाने की जो कोशिश है

उसे विफलता नहीं

उसकी मनुष्यता समझा जाना चाहिए।

Question number: 973 (1 of 8 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » मंगलेश डबराल संगतकार

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कवि मंगलेश डबराल द्वारा रचित प्रस्तुत प्रसंग की व्याख्या में संगतकार की आवाज़ में स्पष्ट रूप से क्या पता चल रहा है?

Question number: 974 (2 of 8 Based on Passage) Show Passage

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कवि मंगलेश डबराल द्वारा रचित प्रस्तुत प्रसंग की व्याख्या में मुख्य गायक को सांत्वना देने के लिए संगतकार का स्वर कौनसी दिशा से आता है?

Question number: 975 (3 of 8 Based on Passage) Show Passage

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कवि मंगलेश डबराल द्वारा रचित प्रस्तुत प्रसंग के भाव-सौंदर्य क्या हैं?

Question number: 976 (4 of 8 Based on Passage) Show Passage

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कवि मंगलेश डबराल द्वारा रचित प्रस्तुत प्रसंग में संगतकार किस प्रकार से मुख्य गायक को सफल बना देते हैं?

Question number: 977 (5 of 8 Based on Passage) Show Passage

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कवि मंगलेश डबराल द्वारा रचित प्रस्तुत प्रसंग की व्याख्या में मुख्य गायक का साथ संगतकार कब देता है?

Question number: 978 (6 of 8 Based on Passage) Show Passage

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कवि मंगलेश डबराल द्वारा रचित प्रस्तुत प्रसंग की व्याख्या में संगतकार ने किस काम का प्रयास नहीं किया है?

Question number: 979 (7 of 8 Based on Passage) Show Passage

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प्रस्तुत प्रसंग के शिल्प-सौंदर्य कौन-कौन से है?

Question number: 980 (8 of 8 Based on Passage) Show Passage

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » मंगलेश डबराल संगतकार

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कवि मंगलेश डबराल द्वारा रचित प्रस्तुत प्रसंग की व्याख्या में संगतकार की मानवीय भावना कैसी है?

Question number: 981

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » ऋतुराज कन्यादान

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ऋतुराज जी दव्ारा रचित कविताओं का केंद्रीय भाव किन मुद्दों पर आधारित रहा है?

Question number: 982

» क्षितिज(Kshitij-Textbook) » Additional Questions » मंगलेश डबराल संगतकार

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मंगलेश डबराल जी का जन्म कहाँ व किस सन्‌ में हुआ?

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